मुंगेली, 23 दिसम्बर 2025/sns/- राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन “बिहान” योजनांतर्गत जिले में कार्यरत कृषि सखी एवं पशु सखियों को कृषि संबंधी तकनीकी ज्ञान से सशक्त करने के उद्देश्य से कार्यालय सहायक मिट्टी परीक्षण प्रयोगशाला, धरमपुरा में एक एक्सपोज़र विजिट कराया गया। इस भ्रमण का उद्देश्य सखियों को मृदा परीक्षण की वैज्ञानिक विधियों से अवगत कराकर किसानों तक सही तकनीकी जानकारी पहुँचाने में सक्षम बनाना रहा।
प्रयोगशाला भ्रमण के दौरान प्रयोगशाला सहायक श्री प्रत्यूष जायसवाल एवं श्री भीखम राव कोशले तथा बीटीएम श्री चेतन दास कुर्रे द्वारा मिट्टी का नमूना लेने की प्रायोगिक विधि का प्रशिक्षण दिया गया। इसके साथ ही मिट्टी की जाँच प्रक्रिया, प्रमुख पोषक तत्वों (नाइट्रोजन, फास्फोरस, पोटाश) एवं सूक्ष्म पोषक तत्वों की जाँच की विधियों की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
इस अवसर पर कृषि विज्ञान केंद्र की वैज्ञानिक डॉ. नेहा लहरे ने मशरूम उत्पादन की आधुनिक एवं सरल तकनीकों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने मशरूम उत्पादन को कम लागत में अतिरिक्त आय का प्रभावी साधन बताते हुए इसके व्यावसायिक संभावनाओं पर भी प्रकाश डाला। एक्सपोज़र विजिट के दौरान जिला पंचायत मुंगेली से जिला कार्यक्रम प्रबंधक श्री बालेंद्र मिश्रा भी उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण और भ्रमण से कृषि एवं पशु सखियों की क्षमता में वृद्धि होती है, जिससे वे ग्रामीण स्तर पर किसानों को वैज्ञानिक एवं व्यावहारिक मार्गदर्शन प्रदान कर सकेंगी। कार्यक्रम से कृषि एवं पशु सखियों में उत्साह देखने को मिला और उन्होंने प्राप्त जानकारी को अपने-अपने ग्रामों में किसानों तक पहुँचाने का संकल्प लिया।

