बीजापुर, 05 फरवरी 2026/sns/-बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत 100 दिवसीय कार्यक्रम के तृतीय चरण में जिले में जनजागरूकता की व्यापक शुरुआत की गई है। कलेक्टर श्री संबित मिश्रा के निर्देशानुसार बाल विवाह के विरुद्ध जन अभियान के तहत ग्राम पंचायतों एवं नगरपालिका वार्डों के माध्यम से सामुदायिक स्तर पर जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन 01 फरवरी 2026 से 08 मार्च 2026 तक किया जा रहा है।
इसी क्रम में 02 फरवरी 2026 को ग्राम पंचायत गोल्लागुड़ा से अभियान की औपचारिक शुरुआत की गई। आयोजित कार्यक्रम में आमजनों को बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीति के दुष्परिणामों से अवगत कराया गया तथा बाल अधिकारों, किशोर-किशोरियों के स्वस्थ भविष्य एवं संबंधित कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गई।
जागरूकता कार्यक्रम के दौरान बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 की विस्तृत जानकारी, बाल विवाह के कानूनी परिणाम, बालिकाओं के शिक्षा अधिकार, स्वास्थ्य एवं पोषण से संबंधित लाभकारी योजनाओं तथा बाल संरक्षण हेतु शासन द्वारा किए जा रहे प्रयासों की रूपरेखा प्रस्तुत की गई। साथ ही ग्रामीण समुदाय, अभिभावकों, महिला समूहों एवं युवाओं से अपील की गई कि वे बाल विवाह न करें तथा कहीं भी बाल विवाह की सूचना तत्काल संबंधित विभाग को दें।
कार्यक्रम में उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने बताया कि बाल विवाह न केवल कानूनी अपराध है, बल्कि यह बच्चों के शारीरिक, मानसिक एवं शैक्षणिक विकास में गंभीर बाधा उत्पन्न करता है। उन्होंने समाज के प्रत्येक वर्ग से बाल विवाह उन्मूलन में सक्रिय सहभागिता निभाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में उपस्थित ग्रामीणों, महिलाओं, किशोर-किशोरियों एवं विभिन्न सामाजिक संगठनों ने अभियान के प्रति सकारात्मक रुख प्रदर्शित करते हुए बाल विवाह मुक्त समाज के निर्माण हेतु पूर्ण सहयोग देने का संकल्प लिया।



